
Akash Singh Rathore 'मुसाफ़िर'
@akash-singh-rathore
आकाश सिंह राठौर 'मुसाफ़िर' एक उदीयमान युवा लेखक हैं, जिनका जन्म मल्हार राव होल्कर से संबंध रखने वाले गाँव आलमपुर, जिला भिंड में हुआ। वे और अपनी प्रारंभिक शिक्षा पंडित लज्जा शंकर झा मॉडल स्कूल, जबलपुर से प्राप्त की। वर्तमान में वे स्नातकोत्तर के प्रथम वर्ष में शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। लेखक की लेखनी में गहराई और सच्चाई की झलक मिलती है। उनका कहना है, "जो सोचता हूं, वो लिखता हूँ," और उनका मानना है कि शब्दों का सागर भले ही बड़ा न हो, लेकिन कलम के माध्यम से वे अपनी बेबाक बातों को व्यक्त करने की क्षमता रखते हैं। समाज सेवा उनके जीवन का मुख्य उद्देश्य है और लेखन उनके लिए खुशी का स्रोत है। उनकी प्रमुख किताबें 'सोसायटी कीबिल्ली' 'दो घूंट जिंदगी के,' 'जबलपुर डायरी (प्रेम और प्राकृति का अनुपम सौन्दर्य),' और 'सफ़र अल्फाज़ों का' हैं। इसके अलावा, वे विभिन्न किताबों में सह-लेखक के रूप में भी सम्मिलित रहे हैं। उनकी लेखनी में जीवन की जटिलताओं और समाज की सच्चाइयों को सरल और प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करने की कला विद्यमान है। हिंदी गौरव सम्मान - अंतरराष्ट्रीय बुलंदी साहित्यिक सेवा समिति उत्तराखण्ड द्वारा (2022-23) *वर्चुअल कवि सम्मेलन- वर्ल्ड रिकॉर्ड में नाम दर्ज( बुलंदी साहित्यिक सेवा) हिंदी गौरव सम्मान - अंतरराष्ट्रीय बुलंदी साहित्यिक सेवा समिति उत्तराखण्ड द्वारा (2023-24)
Books
1
